माँ सिद्धिदात्री दरबार सरवानी में गूंज रही रामकथा की अमृत वर्षा, 108 विद्वानों के सानिध्य में अनुष्ठान जारी


जांजगीर चाम्पा जिला बम्हनिनडीह क्षेत्र के सुप्रसिद्ध धार्मिक स्थल माँ सिद्धिदात्री दरबार ग्राम सरवानी में इन दिनों भक्ति और आध्यात्म का अनूठा संगम देखने को मिल रहा है। पं. धीरज महाराज ‘फक्कड़ बाबा’ की जन्मस्थली एवं तपस्थली में आयोजित इस भव्य एवं दिव्य आयोजन में श्रद्धालुओं का सैलाब उमड़ रहा है। 8 जनवरी से प्रारंभ हुआ यह धार्मिक अनुष्ठान 14 जनवरी तक चलेगा।
108 विद्वान ब्राह्मणों द्वारा वैदिक मंत्रोच्चार
इस आयोजन की भव्यता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि यहाँ 108 विद्वान ब्राह्मणों द्वारा अनवरत रामायण पाठ और विशेष अनुष्ठान किए जा रहे हैं पूरे परिसर में हो रहे हवन-पूजन और वेदमंत्रों की ध्वनि से वातावरण पूरी तरह भक्तिमय और सकारात्मक हो गया है।
पंडित राजकुमार शर्मा के मुखारविंद से कथा रसपान
मुख्य कथावाचक पंडित राजकुमार शर्मा जी अपनी ओजस्वी वाणी से भगवान श्री राम के आदर्शों और उनकी लीलाओं का वर्णन कर रहे हैं। कथा के दौरान उन्होंने राम जन्म, सीता स्वयंवर और राम वनवास जैसे प्रसंगों को इतनी जीवंतता से सुनाया कि भक्त भावविभोर हो गए। उन्होंने बताया कि रामकथा केवल श्रवण का विषय नहीं, बल्कि जीवन में उतारने का मार्ग है।
वही आस-पास के जिलों और दूर-दराज के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में श्रद्धालु कथा श्रवण करने पहुँच रहे हैं। भक्तों की सुविधा के लिए दरबार में व्यापक इंतजाम किए गए हैं। प्रतिदिन कथा की पूर्णाहुति के पश्चात विशाल ‘भोग भंडारा’ आयोजित किया जा रहा है, जहाँ बड़ी संख्या में श्रद्धालु पंक्तिबद्ध होकर श्रद्धापूर्वक प्रसाद ग्रहण कर रहे हैं





