
प्रति वर्ष भारत देश में दीपावली पर्व बड़ी धूमधाम एवं हर्सोल्लास के साथ मनाया जाता है वहीं लोगों द्वारा मां महालक्ष्मी श्री गणेश जी भगवान कुबेर ,भगवान लक्ष्मी नारायण स्वामी प्रभु श्री रामचंद्र जी के विधि विधान से पूजा पाठ करते हैं वहीं पंडित अभिषेक पांडे ने दीपावली पर्व में पूजा पाठ करने की समय एवं विधि बताई जो इस प्रकार हैं
।। ऊं श्री गणेशायः नमः ।।
।। ऊं श्री गुरुवेः नमः ।।
।। ऊं नमो नारायण ।।
।। दिपावली महा पर्व ।।
शंका – समाधान
दीपावली कार्तिक कृष्ण पक्ष की अमावस्या तिथि को मनाई जाती है ।
31 अक्टूबर 2024 या 1 नवम्बर 2024 को दीपावली है ।
भारत देश के सभी पंचांगों के अनुसार अमावस्या तिथि का आरंभ …….
31 अक्टूबर गुरुवार , दिन 3: 52 बजे से आरंभ होगी जो कि
अगले दिन 1 नवम्बर शुक्रवार को सांयकाल 6: 16 बजे तक अमावस्या तिथि रहेगी ।
सभी सनातन धर्मियों हेतु 31 अक्टूबर 2024 , दिन गुरुवार को प्रदोष काल से मध्य रात्रि व्यापिनी कार्तिकी अमावस्या लक्ष्मी गणेश कुबेर आदि पूजन करना शास्त्र संपत होगा ।
एवं इसके अतिरिक्त किसी भी अन्य दिन दीपावली मनाना शास्त्र संपत नहीं है ।।
लक्ष्मी – गणेश – कुबेर पूजन आदि के लिए मुहूर्त निर्धारित किए गए हैं ……
. वाणिज्यिक प्रतिष्ठान आदि मे , यदि दिन मे ही पूजन करना हो तो …..
- स्थिर कुंभ लग्न -1: 33 बजे से 3/4 बजे के मध्य
- सर्वोत्तम प्रदोष काल का मुहूर्त …… स्थिर वृष लग्न मे – 6: 11बजे से 8: 8 बजे के बीच
- महानिशा के पूजन मुहूर्त – स्थिर सिंह लग्न – 12: 39 बजे से 2: 53 बजे के मध्य
- गोधूलि बेला मे
- टीप – स्थानीय समय के अनुसार , स्थान विशेष का समय निर्धारित किया जाएगा ।। समय मे कुछ घटा – बढ़ी हो सकती है ।।
।। शेष गुरु कृपा ।।
।। ऊं नमो नारायण ।।
पं. श्री अभिषेक पांडेय
कर्मकांडी ब्राह्मण
लवनराज




