



( रॉकी साहू लवन ) नगर पंचायत लवन में राधे-राधे महिला स्व-सहायता समूह के तत्वावधान में आयोजित श्रीमद् भागवत महापुराण कथा के पांचवें दिन कथा वाचक पं. श्री मनोज तिवारी ने भगवान श्रीकृष्ण की मनमोहक बाल लीलाओं और गोवर्धन पूजा का सारगर्भित वर्णन किया। 15 दिसंबर से अनवरत चल रही इस ज्ञानयज्ञ में बड़ी संख्या में श्रद्धालु उमड़ रहे हैं।
बाल लीलाओं का सजीव वर्णन
कथा व्यास पं. मनोज तिवारी ने श्रीकृष्ण के जन्म के बाद गोकुल में हुई उनकी विभिन्न बाल लीलाओं का वर्णन करते हुए बताया कि प्रभु की लीलाएं केवल मनोरंजन नहीं, बल्कि अधर्म के नाश और भक्तों के उद्धार का मार्ग थीं। माखन चोरी प्रसंग और यशोदा माता के साथ उनके वात्सल्य के प्रसंगों को सुनकर पांडाल में उपस्थित महिला श्रद्धालु भावविभोर हो गईं।
गोवर्धन पूजा और छप्पन भोग
कथा के मुख्य आकर्षण ‘गोवर्धन पूजा’ के दौरान पंडित जी ने बताया कि भगवान कृष्ण ने देवराज इंद्र का अहंकार तोड़ने और प्रकृति की महत्ता समझाने के लिए अपनी कनिष्ठा उंगली पर गोवर्धन पर्वत धारण किया था। उन्होंने संदेश दिया कि गोवर्धन पूजा हमें प्रकृति के संरक्षण और पर्यावरण प्रेम की प्रेरणा देती है। इस अवसर पर भगवान को छप्पन भोग अर्पित किया गया और श्रद्धालुओं ने उत्साह के साथ गोवर्धन पर्वत की परिक्रमा की।
आयोजक राधे-राधे महिला स्व-सहायता समूह द्वारा कथा की व्यवस्थाओं का सुचारू संचालन किया जा रहा है।कथा के दौरान पूरा माहौल भक्तिमय बना हुआ है और प्रतिदिन बड़ी संख्या में स्थानीय लोग कथा श्रवण हेतु पहुँच रहे हैं।








