
डोमार साहू (गिधपुरी) – सत्य पर असत्य और अधर्म पर धर्म की विजय का पावन पर्व दशहरा ग्राम भरूवाडीह में पारंपरिक श्रद्धा, हर्षोल्लास और धूमधाम के साथ मनाया गया। विजया दशमी के इस पावन अवसर पर गांव के मुख्य महामाया चौक में भव्य दशहरा उत्सव का आयोजन किया गया, जिसमें आसपास के क्षेत्रों से भी बड़ी संख्या में ग्रामीण जन सम्मिलित हुए।

कार्यक्रम की शुरुआत भगवान श्री राम, लक्ष्मण और माता सीता की विशेष पूजा-अर्चना और आरती के साथ हुई। इसके बाद उपस्थित अतिथियों का स्वागत किया गया। इस अवसर पर स्थानीय कलाकारों द्वारा प्रभु श्री राम के जीवन और रावण वध पर आधारित संक्षिप्त एवं आकर्षक झांकी व रामलीला का मंचन किया गया, जिसने उपस्थित जनसमूह का मन मोह लिया।

जैसे ही मर्यादा पुरुषोत्तम श्री राम का किरदार निभा रहे कलाकार ने रावण के पुतले पर तीर चलाया, पूरा मैदान “जय श्री राम” के गगन भेदी उद्घोष से गूंज उठा। इसके साथ ही गगनचुंबी रावण के पुतले का दहन हुआ और आकर्षक आतिशबाजी ने आसमान को सतरंगी रोशनी से सराबोर कर दिया। लोगों ने एक-दूसरे को गले मिलकर और ‘समी पत्र’ सोना पत्ती बांटकर दशहरा पर्व की बधाई व शुभकामनाएं दीं।
उत्सव समिति के पदाधिकारियों ने कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए सभी ग्राम वासियों, और लीला मंडली के सदस्यों के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि दशहरा हमें सिखाता है कि बुराई चाहे कितनी भी बड़ी क्यों न हो, अंत में जीत हमेशा सच्चाई और अच्छाई की ही होती है। कार्यक्रम के अंत में सभी उपस्थित लोगों को प्रसाद का वितरण किया गया।
इस अवसर पर ग्राम के दशहरा उत्सव समिति के पदाधिकारी, प्रबुद्ध नागरिक और भारी संख्या में माताएं-बहनें व बच्चे उपस्थित रहे।




