

( रॉकी साहू लवन ) चैत्र नवरात्रि के पावन पर्व पर समूचा अंचल देवी की भक्ति में सराबोर है जिला मुख्यालय से लगभग 13 किलोमीटर दूर स्थित ग्राम डमरू इन दिनों आस्था का केंद्र बना हुआ है यहाँ के प्राचीन महामाया मंदिर में शुभ मुहूर्त के साथ ही श्रद्धा के दीप जगमगा उठे हैं श्रद्धालुओं ने अपनी मनोकामनाओं की पूर्ति के लिए मंदिर परिसर में कुल 935 ज्योत प्रज्वलित की हैं मंदिर समिति से प्राप्त जानकारी के अनुसार, इस वर्ष तेल ज्योत 792 एवं घृत (घी) ज्योत 143
गांव में मंदिर के साथ साथ बल्कि घरों में भी भक्ति का अनूठा संगम देखने को मिल रहा है। इस वर्ष गांव में तीन प्रमुख स्थानों पर जवारा महोत्सव का आयोजन किया गया है महामाया मंदिर परिसर बहुर साहू द्वारा हरिश्चंद्र साहू के निवास पर एवं सरवन धीवर के निज निवास पर वही सुबह से ही जय माता दी के जयकारों के साथ मंदिर परिसर गूंज रहा है। बड़ी संख्या में श्रद्धालु माता के दर्शन कर सुख, समृद्धि और आरोग्यता की कामना कर रहे हैं भक्तों की सुविधा के लिए समिति के सदस्य मुस्तैद हैं, जो देर रात तक अपनी सेवाएँ दे रहे हैं मंदिर में प्रतिदिन भजन-कीर्तन का आयोजन किया जा रहा है, जिससे पूरा वातावरण आध्यात्मिक और ऊर्जामय हो गया है। श्रद्धालु दिनभर उपवास और पूजा-पाठ में लीन रहकर माता की आराधना कर रहे हैं




